विश्वास का दामन,थामे रख,तू चलता चल,
तू थकना नहीं, तू रूकना नहीं ,
जीवन है, चलने के लिए, तू चलता चल,
तू बहता चल,तू चलता चल,

1 माना ये रात है, काली, गहरी अंधियारी,
तू मन में भर ,उमंगो का सागर ,
सुबह का सूरज, फिर आयेगा,
नई आशायें,सपने संजोये,
जीवन के सवेरो में, रंग नये तू भरता चल,
तू चलता चल,

विश्वास का दामन, थामे रख, तू चलता चल,
तू थकना नहीं, तू रुकना नहीं,
जीवन है, चलने के लिए, तू चलता चल,
तू बहता चल,तू चलता चल,

2 संधर्ष जीवन में आते है, आते ही रहेगे,
तू तान के सीना ,जो,खडा रहेगा ,
वो कुछ ना ,तेरा कर पायेंगे,
मुश्किलों को तू , पराजित कर,
विजय तू अपने, जीवन में, लिखता चल,
तू चलता चल,

विश्वास का दामन थामे रख, तू चलता चल,
तू थकना नहीं, तू रुकना नहीं ,
जीवन है, चलने के लिए , तू चलता चल,
तू बहता चल, तू चलता चल,
तू चलता चल ।


अनिता शर्मा