🌷🌷🌷🌷🌷
आयो री सखी, नवरात्रा रो त्योहार ,
घर आंगणै पधारेगी ,आपणै प्यारी अम्बे माँ ।
उमंग,उत्साह मन में घणों रे भरो,
सत्कार स्वागत री करो तैय्यारी ।
आयो री सखी नवरात्रा रो त्योहार,
घर आंगणै पधारेगी, आपणै प्यारी अम्बे माँ ।

घर द्वार नें संवार ल्या,फूला री झालर बणावा,
आंगण बुहार ,चोखा माडंना बणावा,
रोली,मौली धूप ,दीप ,अक्षत सू थाल ने सजावा।
आयो री सखी नवरात्रा रो त्योहार,
घर आंगणै पधारेगी ,आपणै प्यारी अम्बे माँ ।

घट में सरस पाणी भर ,गंगा रो नीर मिलावा,
लाल चुनर उड़ार, श्रीफल ने सजावा ,
माटी रा कुंडा में जौ बौआ,घट स्थापित कर ,
अखंड जोत दीवड़ा में, जोड़ा ।
आयो री सखी नवरात्रा रो त्योहार,
घर आंगणै पधारेगी, आपणै प्यारी अम्बे माँ।

खीर, पुआ,सीरा रो भोग लगावा,
श्रृद्धा सू मैंया की करा आरती,
मगंलगीत सुवावणा गावा री सखी,
अम्बे माँ ने रिझावा।
आयो री सखी नवरात्रा रो त्योहार ,
घर आंगणै पधारेगी, आपणै प्यारी अम्बे माँ ।

माँ सू करा, हाथ जोड़ अरज या सब,
ज्यौं-ज्यौं ज्वारा बढें, त्यौं-त्यौं घर-संसार में,
आनंद घणों रे बढें ,सुमति,भक्ति माँ की सबने मिले,
महामारी रो त्रास, सारा जग स मिटे।
आयो री सखी नवरात्रा रो त्योहार,
घर आंगणै पधारेगी आपणै प्यारी अम्बे माँ ।

🙏🏻🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷🌷
माँ भवानी अम्बे की कृपा आप और आपके परिवार पर सदा बनी रहे, आप सभी स्वस्थ रहे, प्रसन्न रहें ।
नवरात्रा के मंगलमय,भक्तिमय व शक्तिमय पर्व की
हार्दिक शुभकामनायें 🌷🌷🙏🏻😊

-अनिता